सुबह उठते ही करें यह एक काम, बीपी रहेगा कंट्रोल और मानसिक तनाव होगा दूर
आज के दौर में देश की बड़ी आबादी उच्च रक्तचाप यानी बीपी की समस्या से जूझ रही है। छोटी-छोटी बातों पर मानसिक तनाव आम बात हो गई है। ऐसे में विशेषज्ञों ने इन समस्याओं से राहत पाने के लिए रोजाना सुबह भ्रामरी प्राणायाम करने की सलाह दी है। यह एक सरल और प्रभावी उपाय है, जो दिन की शुरुआत को सकारात्मक बनाता है।
सुबह की पहली आदत क्यों जरूरी है?
सुबह की पहली किरण के साथ हमारा शरीर और मस्तिष्क नई ऊर्जा की तलाश में होते हैं। अक्सर लोग उठते ही मोबाइल देखने लगते हैं या घर के कामों में जुट जाते हैं। यह आदत मानसिक रूप से थका देने वाली होती है। डॉक्टर शालिनी सिंह सोलंकी के अनुसार, जब हम उठते ही तनावपूर्ण कार्यों में लग जाते हैं, तो शरीर में कॉर्टिसोल और एड्रेनालिन जैसे स्ट्रेस हार्मोन्स का स्तर अचानक बढ़ जाता है। यह सीधे तौर पर ब्लड प्रेशर को प्रभावित करता है। ऐसे में भ्रामरी प्राणायाम एक बेहतरीन विकल्प है। डॉक्टर सोलंकी खुद भी अपनी दिनचर्या में इस प्राणायाम को शामिल करती हैं।
बीपी और तनाव के लिए कारगर उपाय
डॉ. शालिनी के मुताबिक, बीपी और मानसिक तनाव को नियंत्रित करने का सबसे प्रभावी तरीका भ्रामरी प्राणायाम है। इसे रोज सुबह खाली पेट करना चाहिए। इस दौरान रीढ़ की हड्डी को बिल्कुल सीधा रखें और किसी आरामदायक स्थिति में बैठें। यह प्राणायाम सीधे तंत्रिका तंत्र को शांत करता है, जिससे रक्त वाहिकाओं पर दबाव कम होता है और बीपी नियंत्रित रहता है।
भ्रामरी प्राणायाम करने की सही तकनीक
- अपने कानों को अंगूठों से हल्का बंद करें।
- उंगलियों को आंखों पर रखें, ध्यान रखें कि आंखों पर दबाव न पड़े।
- गहरी सांस लें और नाक से सांस छोड़ते समय ‘ह्मममम’ जैसी गूंजती हुई आवाज निकालें।
- शुरुआत में इसे सिर्फ 5 बार करें। धीरे-धीरे अभ्यास बढ़ाते हुए इसे 10 से 15 बार तक ले जाएं।
हार्मोनल संतुलन और वैज्ञानिक लाभ
डॉक्टर के अनुसार, भ्रामरी से उत्पन्न होने वाली ध्वनि की कंपन मस्तिष्क की नसों को आराम देती है। यह कंपन शरीर में हैप्पी हार्मोन को सक्रिय करती है, जिससे तनाव पैदा करने वाले हार्मोन का स्तर कम होने लगता है। नियमित अभ्यास से बिना किसी अतिरिक्त दवा के बीपी 4 से 5 पॉइंट तक अपने आप नियंत्रित हो सकता है।
दिन की सुकून भरी शुरुआत
डॉक्टर शालिनी सिंह सोलंकी के मुताबिक, स्वस्थ रहने के लिए महंगी दवाइयों से ज्यादा जरूरी दिन की सही शुरुआत है। उठते ही भागदौड़ करने के बजाय खुद को 5 मिनट का मौन और भ्रामरी का सुकून दें। यह छोटी सी आदत न सिर्फ हाई बीपी की समस्या को जड़ से खत्म करेगी, बल्कि आपकी एकाग्रता भी पहले से बेहतर हो जाएगी।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: यह लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों और अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किया गया है। लेख में उल्लेखित तथ्यों और सूचनाओं को पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा और परखा गया है। यह लेख पाठक की जानकारी और जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। लेख में प्रदत्त जानकारी और सूचना को लेकर कोई दावा नहीं किया जाता है। संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।