यूपी नीट पीजी 2025 काउंसलिंग: एआईक्यू राउंड-3 की देरी के कारण स्थगन, डीजीएमई का आदेश जारी
उत्तर प्रदेश में नीट पीजी 2025 की तीसरे चरण की काउंसलिंग को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया है। यह निर्णय डायरेक्टर जनरल मेडिकल एजुकेशन एंड ट्रेनिंग (डीजीएमई), उत्तर प्रदेश द्वारा लिया गया है। इस स्थगन का मुख्य कारण ऑल इंडिया कोटा (एआईक्यू) के तहत नीट पीजी राउंड-3 काउंसलिंग की प्रक्रिया में हो रही देरी है, जिसे मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (एमसीसी) संचालित करती है।
डीजीएमई के आदेश में क्या कहा गया?
डीजीएमई यूपी द्वारा जारी आधिकारिक सूचना में स्पष्ट किया गया है कि एमसीसी, नई दिल्ली द्वारा एआईक्यू नीट पीजी 2025 के तीसरे राउंड की काउंसलिंग शुरू नहीं किए जाने के कारण, राज्य कोटे की काउंसलिंग को अगली सूचना तक स्थगित रखा जाएगा। आदेश में कहा गया है कि जब तक एआईक्यू राउंड-3 की प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती, तब तक यूपी नीट पीजी काउंसलिंग शुरू नहीं की जा सकती।
देरी के पीछे की वजह
एमसीसी द्वारा नीट पीजी 2025 काउंसलिंग से संबंधित अंतिम अपडेट राउंड-2 में सीट आवंटन प्राप्त करने वाले उम्मीदवारों के लिए इस्तीफा देने की अंतिम तिथि को बढ़ाकर 30 दिसंबर करना था। इसके बाद से एमसीसी की ओर से राउंड-3 काउंसलिंग को लेकर कोई स्पष्ट जानकारी साझा नहीं की गई है।
गौरतलब है कि 17 दिसंबर को जारी संशोधित कार्यक्रम के अनुसार, एआईक्यू राउंड-3 की पूरी प्रक्रिया 2 जनवरी तक पूरी होनी थी। साथ ही, शामिल किए गए उम्मीदवारों का डेटा 12 जनवरी तक जमा किया जाना था। लेकिन यह कार्यक्रम जारी होने के 21 दिन बीत जाने के बाद भी एआईक्यू राउंड-3 की काउंसलिंग शुरू नहीं हो पाई है।
सीटों में बदलाव का प्रभाव
हाल ही में मेडिकल असेसमेंट एंड रेटिंग बोर्ड (एमएआरबी) के फैसले के बाद, नेशनल मेडिकल कमीशन (एनएमसी) ने देशभर के लगभग 27 मेडिकल कॉलेजों में 171 पीजी सीटों को जोड़ा है। इस कारण इस वर्ष एमसीसी नीट पीजी काउंसलिंग को कई बार पुनर्निर्धारित और विस्तारित करना पड़ा है। सीटों को जोड़ने, हटाने और अनुमोदन की प्रक्रिया ने पूरी काउंसलिंग को प्रभावित किया है।
- स्थगन का कारण: एआईक्यू राउंड-3 काउंसलिंग की शुरुआत में देरी
- प्रभावित प्रक्रिया: यूपी नीट पीजी राज्य कोटा काउंसलिंग
- अगली कार्रवाई: अगली सूचना तक स्थगित
- सीटों में बदलाव: 27 मेडिकल कॉलेजों में 171 नई पीजी सीटें जोड़ी गईं
इस स्थिति में उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे डीजीएमई यूपी और एमसीसी की ओर से जारी होने वाली आधिकारिक सूचनाओं पर नजर बनाए रखें। जैसे ही एआईक्यू राउंड-3 काउंसलिंग शुरू होगी, यूपी नीट पीजी काउंसलिंग की प्रक्रिया भी फिर से शुरू कर दी जाएगी।