स्प्लिट एसी खरीदने से पहले जान लें ये जरूरी बातें, वरना पड़ सकता है पछताना

उत्तर भारत में इस समय गर्मी का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। ऐसे में लोग अपने घरों में घंटों एयर कंडीशनर चला रहे हैं। खासकर स्प्लिट एसी का इस्तेमाल सबसे ज्यादा हो रहा है। लेकिन लगातार चलने से इसकी आउटडोर यूनिट पर काफी दबाव पड़ता है। इस वजह से ओवरहीटिंग, शॉर्ट सर्किट और यहां तक कि आग लगने या ब्लास्ट जैसी घटनाओं का खतरा भी बढ़ सकता है। अगर आप नया स्प्लिट एसी खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो कुछ बातों का पहले से ध्यान रखना बेहद जरूरी है।

आउटडोर यूनिट को रखें खुली और हवादार जगह पर

अक्सर लोग जगह की कमी के कारण आउटडोर यूनिट को बालकनी या किसी तंग कोने में दबाकर लगवा देते हैं। यह आदत बहुत खतरनाक साबित हो सकती है। जब यूनिट के चारों ओर हवा का उचित प्रवाह नहीं होता, तो यह जल्दी गर्म होने लगती है। लंबे समय तक इस स्थिति में रहने से मशीन के पुर्जे ज़्यादा गर्म हो सकते हैं और आग लगने की संभावना बढ़ जाती है। हमेशा सुनिश्चित करें कि आउटडोर यूनिट के चारों ओर कम से कम दो से तीन फीट की खाली जगह हो, जहां हवा आसानी से आ-जा सके।

वायरिंग की गुणवत्ता पर दें विशेष ध्यान

स्प्लिट एसी एक हैवी लोड उपकरण है। इसके लिए मोटे और उच्च गुणवत्ता वाले तारों की आवश्यकता होती है। पुरानी, घिसी-पिटी या पतली वायरिंग शॉर्ट सर्किट का सबसे बड़ा कारण बन सकती है। एसी खरीदने से पहले अपने घर की मौजूदा वायरिंग की क्षमता की जांच करवा लें। अगर जरूरत हो, तो अलग से हैवी-ड्यूटी तार और एक समर्पित सर्किट ब्रेकर लगवाएं। इससे न सिर्फ एसी सुरक्षित रहेगा, बल्कि पूरे घर की बिजली व्यवस्था भी सुरक्षित रहेगी।

नियमित सफाई है बेहद जरूरी

आउटडोर यूनिट बाहर खुली जगह पर होने के कारण उसमें धूल, पत्ते और मिट्टी जमा हो जाती है। यह गंदगी वेंट और कूलिंग कॉइल को ब्लॉक कर देती है, जिससे मशीन को ज्यादा मेहनत करनी पड़ती है। इससे बिजली की खपत बढ़ती है और ओवरहीटिंग का खतरा भी बढ़ जाता है। हर दो से तीन महीने में आउटडोर यूनिट की सफाई जरूर कराएं। इंडोर यूनिट के फिल्टर को भी महीने में एक बार साफ करना न भूलें। इससे एसी की कूलिंग क्षमता बेहतर रहती है और यूनिट लंबे समय तक चलती है।

एसी को लगातार घंटों तक न चलाएं

गर्मी से राहत पाने के लिए एसी को पूरे दिन चालू रखना आम बात हो गई है, लेकिन यह आदत मशीन के लिए नुकसानदायक हो सकती है। लगातार चलने से कंप्रेसर और अन्य पुर्जों पर अत्यधिक दबाव पड़ता है, जिससे वे ज़्यादा गर्म हो जाते हैं। कोशिश करें कि बीच-बीच में एसी को कुछ देर के लिए बंद करें। इससे मशीन को ठंडा होने का समय मिलता है और उसकी उम्र भी बढ़ती है। इसके अलावा, थर्मोस्टेट को बहुत कम तापमान पर सेट करने से बचें। 24 से 26 डिग्री सेल्सियस का तापमान आरामदायक और मशीन के लिए सुरक्षित माना जाता है।

इन छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखकर आप न सिर्फ अपने स्प्लिट एसी की परफॉर्मेंस बेहतर कर सकते हैं, बल्कि आग या ब्लास्ट जैसी गंभीर दुर्घटनाओं से भी बच सकते हैं। खरीदारी से पहले इन टिप्स को अपनाना आपके लिए फायदेमंद रहेगा।