स्पेसएक्स ने माइक्रोसॉफ्ट को पीछे छोड़ा, बनी अमेरिका की चौथी सबसे बड़ी कंपनी
एलन मस्क की एयरोस्पेस और तकनीकी कंपनी स्पेसएक्स ने शेयर बाजार में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। मंगलवार को कंपनी के शेयरों में भारी तेजी देखने को मिली, जिसके बाद स्पेसएक्स ने बाजार पूंजीकरण के मामले में माइक्रोसॉफ्ट को पछाड़ दिया। अब यह कंपनी लगभग 2.74 ट्रिलियन डॉलर के मूल्यांकन के साथ अमेरिका की चौथी सबसे मूल्यवान कंपनी बन गई है। इस उपलब्धि के साथ ही स्पेसएक्स ने ई-कॉमर्स दिग्गज अमेजॉन को भी पीछे छोड़ दिया है, जिसका मौजूदा बाजार मूल्य करीब 2.65 ट्रिलियन डॉलर है।
आईपीओ के बाद निवेशकों का भारी उत्साह
शेयर बाजार में स्पेसएक्स का सफर काफी रोमांचक रहा है। पिछले शुक्रवार को अपने रिकॉर्ड-ब्रेकिंग आईपीओ डेब्यू के बाद से यह कंपनी निवेशकों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। अपने पहले पूर्ण कारोबारी दिन 20 प्रतिशत की जबरदस्त उछाल दर्ज करने के बाद, मंगलवार के शुरुआती कारोबार में भी इसके शेयरों में लगभग 8 प्रतिशत की तेजी देखी गई। हाल के वर्षों में यह किसी भी कंपनी का सबसे चर्चित और सफल पोस्ट-आईपीओ प्रदर्शन माना जा रहा है। विश्लेषकों के अनुसार, निवेशकों का यह भारी उत्साह सिर्फ स्पेसएक्स के अंतरिक्ष और सैटेलाइट कारोबार तक सीमित नहीं है, बल्कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में कंपनी के आक्रामक कदमों का भी इसमें बड़ा योगदान है।
60 अरब डॉलर में कर्सर का अधिग्रहण
अपनी एआई क्षमताओं को और मजबूत करने के लिए स्पेसएक्स ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। कंपनी ने मंगलवार को 60 अरब डॉलर के ‘ऑल-स्टॉक’ सौदे के तहत तेजी से उभरते एआई कोडिंग असिस्टेंट ‘कर्सर’ के अधिग्रहण की आधिकारिक घोषणा की। कर्सर सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट की दुनिया में एक बड़ा नाम बन चुका है। यह एक आधुनिक टूल है जो स्वचालित रूप से कोडिंग कर सकता है और डेवलपर्स को सॉफ्टवेयर बनाने में मदद करता है। बाजार में इसकी सीधी टक्कर ‘क्लाउड कोड’ और ‘कोडेक्स’ जैसे लोकप्रिय एआई उत्पादों से है।
कर्सर की सफलता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि फॉर्च्यून 500 सूची में शामिल 64 प्रतिशत दिग्गज कंपनियां पहले से ही अपने एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर के लिए इसका उपयोग कर रही हैं। यह अधिग्रहण स्पेसएक्स के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा और सबसे महत्वपूर्ण एआई ट्रांजैक्शन बन गया है।
एआई रेस में मजबूत स्थिति
गौरतलब है कि स्पेसएक्स ने इसी साल अप्रैल में ही कर्सर को खरीदने के अधिकार हासिल करने की जानकारी दी थी। इस बड़े अधिग्रहण से सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट और ऑटोमेशन के क्षेत्र में कंपनी की क्षमताएं कई गुना बढ़ जाएंगी। इस सौदे से एआई की गलाकाट प्रतिस्पर्धा में स्पेसएक्स की स्थिति और मजबूत होगी।
यह कदम एलन मस्क की एआई के प्रति आक्रामक निवेश रणनीति का ही हिस्सा है। आंकड़ों पर नजर डालें तो स्पेसएक्स ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़ी पहलों पर साल 2025 में 12.7 अरब डॉलर खर्च किए थे। इसके बाद साल 2026 की पहली तिमाही में ही कंपनी ने 7.7 अरब डॉलर का अतिरिक्त निवेश किया है। कर्सर का यह अधिग्रहण न केवल कंपनी के एआई पोर्टफोलियो को मजबूत करेगा, बल्कि इसे तकनीकी दिग्गजों के बीच एक प्रमुख प्रतिस्पर्धी के रूप में स्थापित करेगा।
स्पेसएक्स का बढ़ता प्रभाव
स्पेसएक्स की यह उपलब्धि दर्शाती है कि कंपनी केवल अंतरिक्ष क्षेत्र तक सीमित नहीं है, बल्कि वह तकनीक के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी पकड़ मजबूत कर रही है। माइक्रोसॉफ्ट को पीछे छोड़ना और अमेरिका की चौथी सबसे बड़ी कंपनी बनना इस बात का प्रमाण है कि निवेशकों का स्पेसएक्स के भविष्य पर भरोसा बढ़ रहा है। कर्सर का अधिग्रहण इस दिशा में एक और बड़ा कदम है, जो कंपनी को एआई और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट के क्षेत्र में अग्रणी बनाने में मदद करेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह अधिग्रहण स्पेसएक्स को न केवल तकनीकी दृष्टि से मजबूत करेगा, बल्कि इसके राजस्व में भी महत्वपूर्ण योगदान देगा। कर्सर जैसे लोकप्रिय प्लेटफॉर्म को अपने साथ जोड़कर स्पेसएक्स एआई कोडिंग के बाजार में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने की योजना बना रहा है। यह सौदा तकनीकी जगत में एक नई दिशा तय कर सकता है और अन्य कंपनियों को भी एआई क्षेत्र में निवेश बढ़ाने के लिए प्रेरित कर सकता है।