ग्रामीण भारत में शॉर्ट वीडियो का बढ़ता प्रभाव, इंटरनेट उपयोगकर्ता 95 करोड़ के पार
भारत में डिजिटल क्रांति ने एक नया मील का पत्थर छू लिया है। देश में सक्रिय इंटरनेट उपयोगकर्ताओं की संख्या 95.8 करोड़ तक पहुंच गई है, जो पिछले वर्ष की तुलना में आठ गुना की वृद्धि दर्शाता है। हालांकि, यह आंकड़ा यह भी बताता है कि देश की लगभग 38 प्रतिशत आबादी, यानी करीब 57.9 करोड़ लोग, अभी भी इंटरनेट सुविधा से वंचित हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह अंतर धीरे-धीरे कम होता जाएगा और आने वाले वर्षों में डिजिटल कनेक्टिविटी और व्यापक होगी।
शॉर्ट वीडियो और एआई का बढ़ता जादू
इंटरनेट उपयोगकर्ताओं के बीच शॉर्ट वीडियो कंटेंट का क्रेज लगातार बढ़ रहा है। लगभग 58.8 करोड़ लोग, जो कुल उपयोगकर्ताओं का 61 प्रतिशत है, शॉर्ट वीडियो देखने में समय बिताते हैं। सबसे दिलचस्प बात यह है कि यह रुझान शहरी क्षेत्रों की तुलना में ग्रामीण इलाकों में अधिक तेजी से बढ़ रहा है। वहीं, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) अब सिर्फ चर्चा का विषय नहीं रहा, बल्कि इसका उपयोग भी तेजी से बढ़ा है। रिपोर्ट के अनुसार, 44 प्रतिशत उपयोगकर्ता वॉयस सर्च, एआई-आधारित फोटो जनरेशन और चैटबॉट्स का सक्रिय रूप से उपयोग कर रहे हैं। यह आंकड़ा बताता है कि तकनीक अब आम जनता की दिनचर्या का हिस्सा बन चुकी है।
ग्रामीण भारत ने पीछे छोड़ा शहरों को
डिजिटल विभाजन तेजी से कम हो रहा है और ग्रामीण भारत इस बदलाव का नेतृत्व कर रहा है। कुल इंटरनेट उपयोगकर्ताओं में से 57 प्रतिशत, यानी लगभग 54.8 करोड़ लोग, ग्रामीण क्षेत्रों से हैं। रिपोर्ट यह भी बताती है कि गांवों में इंटरनेट अपनाने की गति शहरों की तुलना में चार गुना अधिक है। यह ग्रामीण अर्थव्यवस्था के डिजिटलीकरण का स्पष्ट संकेत है, जहां लोग शिक्षा, मनोरंजन और व्यवसाय के लिए ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का उपयोग कर रहे हैं। सस्ते डेटा प्लान और स्मार्टफोन की बढ़ती पहुंच ने इस बदलाव को और तेज कर दिया है।
ऑनलाइन शॉपिंग और मल्टी-डिवाइस कल्चर
ऑनलाइन शॉपिंग का चलन भी तेजी से बढ़ रहा है, खासकर फूड डिलीवरी और क्विक कॉमर्स सेवाओं के कारण। जेप्टो, ब्लिंकिट जैसे प्लेटफॉर्म ने शहरी उपयोगकर्ताओं की खरीदारी की आदतों को पूरी तरह बदल दिया है। रिपोर्ट के अनुसार, 65 प्रतिशत शहरी इंटरनेट उपयोगकर्ता अब ऑनलाइन शॉपिंग को प्राथमिकता देते हैं। इस बदलाव का नतीजा यह है कि मल्टी-डिवाइस कल्चर भी बढ़ रहा है, जहां लोग एक से अधिक गैजेट्स पर इंटरनेट का उपयोग कर रहे हैं। देश में अब 19.3 करोड़ लोग ऐसे हैं जो कई उपकरणों पर ऑनलाइन रहते हैं, जिसमें स्मार्टफोन, लैपटॉप और टैबलेट शामिल हैं।
चुनौती अभी भी बरकरार
भारत में इंटरनेट उपयोगकर्ताओं की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है, लेकिन चुनौतियां अभी भी बनी हुई हैं। देश की 38 प्रतिशत आबादी अभी भी इंटरनेट की पहुंच से दूर है, जो एक बड़ी आबादी का प्रतिनिधित्व करती है। रिपोर्ट बताती है कि यह आंकड़ा हर साल कम हो रहा है, लेकिन सार्वभौमिक कनेक्टिविटी हासिल करने के लिए अभी और प्रयासों की आवश्यकता है। सरकार और निजी क्षेत्र को मिलकर बुनियादी ढांचे को मजबूत करना होगा, ताकि हर नागरिक डिजिटल दुनिया का हिस्सा बन सके।