mAadhaar App: नए आधार ऐप में मोबाइल नंबर और पता अपडेट करने का आसान तरीका

भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने हाल ही में एमआधार ऐप का नया वर्जन (2.0) जारी किया है। इस अपडेट के साथ ऐप के डिजाइन और फीचर्स की स्थिति में बड़ा बदलाव किया गया है। अब मोबाइल नंबर अपडेट करना, पता बदलना और बायोमेट्रिक लॉक या अनलॉक करने जैसी सुविधाएं नए सेक्शन में स्थानांतरित हो गई हैं। हालांकि, इन सेवाओं के लिए लगने वाला समय और शुल्क पहले जैसा ही बना हुआ है। नए ऐप का उद्देश्य उपयोगकर्ताओं को अधिक सुरक्षित और सुव्यवस्थित डिजिटल अनुभव प्रदान करना है। डिजाइन में बदलाव के कारण पुरानी सेटिंग्स अब ‘सर्विस’ टैब के अंतर्गत समाहित कर दी गई हैं। इस नए अपडेट में फेस ऑथेंटिकेशन को प्राथमिकता दी गई है, जिससे पहचान सत्यापन अधिक विश्वसनीय हो गया है।

नए आधार ऐप में रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया

हालांकि ऐप का इंटरफेस बदल गया है, लेकिन रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया पहले जैसी ही सरल है। नए उपयोगकर्ताओं को सबसे पहले ऐप डाउनलोड करना होगा। इसके बाद आधार नंबर दर्ज करना, मोबाइल नंबर की पुष्टि करना और फेस ऑथेंटिकेशन पूरा करना आवश्यक है। एक बार ये सभी चरण पूरे हो जाने के बाद, एक पिन सेट करते ही उपयोगकर्ता ऐप का उपयोग शुरू कर सकता है। यह प्रक्रिया सुनिश्चित करती है कि केवल अधिकृत व्यक्ति ही ऐप तक पहुंच प्राप्त कर सके।

मोबाइल नंबर कैसे अपडेट करें?

नए ऐप में मोबाइल नंबर अपडेट करने का विकल्प अब ‘सर्विस’ टैब में उपलब्ध है। इसके लिए निम्नलिखित चरणों का पालन करें:

  • ऐप खोलें और ‘सर्विस’ टैब पर जाएं।
  • मोबाइल नंबर अपडेट का विकल्प चुनें।
  • अपना नया मोबाइल नंबर दर्ज करें।
  • दर्ज किए गए नंबर पर आए ओटीपी की पुष्टि करें।
  • फेस ऑथेंटिकेशन पूरा करें।
  • अपडेट रिक्वेस्ट सबमिट करें।

इस प्रक्रिया को पूरा करने में लगभग 15 दिन का समय लग सकता है और इसके लिए 75 रुपये का शुल्क निर्धारित है। रिक्वेस्ट सबमिट करने के बाद UIDAI द्वारा सत्यापन किया जाता है, जिसके बाद ही नंबर अपडेट होता है।

पता अपडेट करने का तरीका

पता अपडेट करने का विकल्प भी ‘सर्विस’ टैब में ही मौजूद है। उपयोगकर्ता दो अलग-अलग तरीकों से अपना पता अपडेट कर सकते हैं:

  • दस्तावेजों के माध्यम से: इस विधि में बिजली का बिल, गैस कनेक्शन या अन्य वैध दस्तावेज अपलोड करने होते हैं। दस्तावेजों के सत्यापन के बाद पता अपडेट किया जाता है।
  • परिवार के सदस्य के आधार के माध्यम से: यदि कोई उपयोगकर्ता अपने परिवार के किसी सदस्य के आधार कार्ड के जरिए पता अपडेट करना चाहता है, तो उसे उस सदस्य का आधार नंबर प्रदान करना होगा। इसके बाद फेस ऑथेंटिकेशन और भुगतान करने पर प्रक्रिया पूरी हो जाती है।

दोनों ही स्थितियों में फेस ऑथेंटिकेशन और शुल्क भुगतान अनिवार्य है। भुगतान के बाद रिक्वेस्ट UIDAI को भेज दी जाती है, जहां सत्यापन के बाद पता अपडेट किया जाता है।

बायोमेट्रिक लॉक करने की सुविधा

सुरक्षा के दृष्टिकोण से यह सबसे महत्वपूर्ण फीचर है। नए ऐप में यह विकल्प होम पेज पर ही QR कोड के ठीक नीचे ‘Biometrics Unlocked’ के रूप में दिखाई देता है। इस पर क्लिक करके उपयोगकर्ता एक ही टैप से अपने फिंगरप्रिंट और आईरिस डेटा को लॉक कर सकते हैं। बायोमेट्रिक डेटा लॉक होने के बाद क्लोनिंग या धोखाधड़ी का खतरा काफी हद तक कम हो जाता है। यह सुविधा विशेष रूप से उन लोगों के लिए उपयोगी है जो अपने आधार डेटा की सुरक्षा को लेकर चिंतित रहते हैं। बायोमेट्रिक लॉक को कभी भी अनलॉक किया जा सकता है, जिससे आवश्यकता पड़ने पर पहचान सत्यापन में कोई बाधा नहीं आती।