JEE Advanced 2026 कटऑफ: पिछले वर्ष की तुलना में न्यूनतम अंकों में 18 की वृद्धि, श्रेणीवार पूरी सूची
जेईई एडवांस्ड 2026 के परिणाम घोषित होने के साथ ही सभी श्रेणियों के लिए कटऑफ अंक भी जारी कर दिए गए हैं। इस वर्ष कई वर्गों के लिए योग्यता अंकों में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। परीक्षा में कड़ी प्रतिस्पर्धा के चलते सामान्य वर्ग के लिए न्यूनतम कुल अंक पिछले वर्ष के 74 से बढ़कर 92 हो गए हैं, जो लगभग 18 अंकों की बढ़ोतरी दर्शाता है। उम्मीदवारों के लिए यह समझना आवश्यक है कि उनकी श्रेणी में सफलता के लिए कितने अंक अनिवार्य हैं। आइए, श्रेणीवार कटऑफ के विस्तृत आंकड़ों पर नजर डालते हैं।
रैंक सूची में शामिल होने के लिए न्यूनतम अंक
जेईई एडवांस्ड 2026 में रैंक लिस्ट में स्थान पाने के लिए उम्मीदवारों को न केवल कुल अंकों में, बल्कि भौतिकी, रसायन विज्ञान और गणित तीनों विषयों में अलग-अलग निर्धारित न्यूनतम अंक भी हासिल करने होंगे। यह दोहरी शर्त सुनिश्चित करती है कि चयनित छात्रों का सभी विषयों में संतुलित प्रदर्शन रहा हो।
- सामान्य रैंक सूची (CRL): प्रत्येक विषय में कम से कम 8 अंक और कुल मिलाकर 92 अंक अनिवार्य हैं।
- OBC-NCL और GEN-EWS रैंक सूची: इन वर्गों के उम्मीदवारों को प्रति विषय न्यूनतम 7 अंक और कुल 82 अंक प्राप्त करने होंगे।
- SC, ST और सभी PwD श्रेणियां: इन सभी के लिए प्रत्येक विषय में 4 अंक और कुल 46 अंक निर्धारित किए गए हैं।
- प्रारंभिक पाठ्यक्रम (PC) रैंक सूची: इस श्रेणी के लिए प्रति विषय 2 अंक और कुल 23 अंक आवश्यक हैं।
विगत वर्ष (2025) से तुलना: श्रेणीवार न्यूनतम अंक
पिछले वर्ष जारी कटऑफ की तुलना में इस बार लगभग सभी श्रेणियों में अंकों में बढ़ोतरी हुई है। यह परीक्षा के बढ़ते कठिनाई स्तर और प्रतिभागियों के बेहतर प्रदर्शन को दर्शाता है। 2025 में सामान्य वर्ग के लिए प्रति विषय न्यूनतम 7 और कुल 74 अंक थे, जो अब बढ़कर क्रमशः 8 और 92 हो गए हैं। इसी प्रकार, OBC-NCL वर्ग के लिए पिछले वर्ष प्रति विषय 6 और कुल 66 अंक थे, जो इस वर्ष बढ़कर 7 और 82 हो गए हैं। SC/ST श्रेणियों में भी न्यूनतम अंक 3 से बढ़कर 4 प्रति विषय और कुल 37 से बढ़कर 46 हो गए हैं। प्रारंभिक पाठ्यक्रम के लिए भी अंक 1 से बढ़कर 2 प्रति विषय और कुल 18 से 23 हो गए हैं।
कटऑफ के साथ न्यूनतम प्रतिशत अंक भी घोषित
जेईई एडवांस्ड 2026 में केवल अंक ही नहीं, बल्कि विभिन्न रैंक सूचियों के लिए आवश्यक न्यूनतम प्रतिशत अंक भी जारी किए गए हैं। यह प्रतिशत उम्मीदवारों को उनकी सापेक्ष स्थिति समझने में मदद करता है।
- सामान्य रैंक सूची (CRL): प्रत्येक विषय में कम से कम 7.30 प्रतिशत और कुल मिलाकर 25.56 प्रतिशत अंक प्राप्त करना अनिवार्य है।
- OBC-NCL और GEN-EWS रैंक सूची: इन वर्गों के लिए प्रति विषय 6.51 प्रतिशत और कुल 22.78 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं।
- SC, ST और सभी PwD श्रेणियां: इन सभी के लिए प्रति विषय 3.65 प्रतिशत और कुल 12.78 प्रतिशत अंक निर्धारित हैं।
- प्रारंभिक पाठ्यक्रम (PC) रैंक सूची: इस श्रेणी के लिए प्रति विषय 1.83 प्रतिशत और कुल 6.39 प्रतिशत अंक अनिवार्य हैं।
2025 की तुलना में प्रतिशत अंकों में परिवर्तन
पिछले वर्ष 2025 में सामान्य वर्ग के लिए प्रति विषय न्यूनतम प्रतिशत 5.83 और कुल 20.56 प्रतिशत था, जो इस वर्ष बढ़कर क्रमशः 7.30 और 25.56 प्रतिशत हो गया है। OBC-NCL वर्ग में यह प्रति विषय 5.25 प्रतिशत से बढ़कर 6.51 प्रतिशत और कुल 18.50 प्रतिशत से बढ़कर 22.78 प्रतिशत हो गया है। SC/ST और PwD श्रेणियों में भी प्रति विषय प्रतिशत 2.92 से बढ़कर 3.65 और कुल प्रतिशत 10.28 से बढ़कर 12.78 हो गया है। प्रारंभिक पाठ्यक्रम के लिए प्रति विषय प्रतिशत 1.46 से बढ़कर 1.83 और कुल प्रतिशत 5.14 से बढ़कर 6.39 हो गया है।
यह कटऑफ उन उम्मीदवारों के लिए निर्णायक है जो JoSAA काउंसलिंग प्रक्रिया के माध्यम से भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थानों (IITs) में प्रवेश पाने की इच्छा रखते हैं। केवल वही छात्र रैंक लिस्ट में शामिल होंगे और काउंसलिंग में भाग ले सकेंगे, जिन्होंने अपनी-अपनी श्रेणी के लिए निर्धारित इन न्यूनतम अंकों और प्रतिशत को प्राप्त कर लिया है।