एपल के पहले फोल्डेबल आईफोन का पूरा लीक: डिजाइन, डिस्प्ले, बैटरी और संभावित लॉन्च डेट
सालों तक फोल्डेबल स्मार्टफोन बाजार को दूर से देखने के बाद, एपल अब 2026 में अपने पहले फोल्ड होने वाले आईफोन के साथ इस सेगमेंट में कदम रखने की तैयारी कर रहा है। हाल ही में सामने आए लीक्स ने इस डिवाइस के डिजाइन, डिस्प्ले, कैमरा और कीमत को लेकर कई दिलचस्प जानकारियां उजागर की हैं। यह डिवाइस बुक-स्टाइल फोल्ड डिजाइन पर आधारित होगा, जहां इसे किताब की तरह क्षैतिज रूप से खोला जा सकेगा। यह क्लैमशेल स्टाइल नहीं होगा, बल्कि खोलने पर यह एक मिनी टैबलेट जैसा अनुभव प्रदान करेगा। रिपोर्ट्स के अनुसार, एपल इस डिवाइस की मोटाई को बेहद कम रखने की कोशिश कर रहा है। बंद होने पर इसकी मोटाई 10 मिलीमीटर से कम और खुलने पर मात्र 5 मिलीमीटर होने का अनुमान है। फ्रेम के लिए ग्रेड-5 टाइटेनियम का उपयोग किया जाएगा, जो इसे हल्का और अत्यधिक मजबूत बनाएगा। वॉल्यूम बटन को ऊपर की ओर शिफ्ट किए जाने की संभावना है। यह डिजाइन उन उपयोगकर्ताओं को ध्यान में रखकर बनाया गया है जो मल्टीटास्किंग, रीडिंग और वीडियो देखने के लिए बड़ी स्क्रीन चाहते हैं।
डिस्प्ले: क्रिज-फ्री अनुभव का दावा
आईफोन फोल्ड में दो स्क्रीन होंगी। बाहरी तरफ 5.5 इंच का डिस्प्ले होगा, जिसका उपयोग सामान्य स्मार्टफोन की तरह किया जा सकेगा। इसे खोलने पर यह 7.8 इंच के विशाल डिस्प्ले में तब्दील हो जाएगा, जो आईपैड मिनी जैसा अनुभव दे सकता है। फोल्डेबल फोन की सबसे बड़ी समस्या क्रिज यानी मोड़ के निशान को खत्म करने के लिए एपल अल्ट्रा-थिन ग्लास (UTG) और एडवांस्ड पॉलिमर फिल्म्स का उपयोग करेगा। इसके अलावा, डिस्प्ले के नीचे मेटल रीइन्फोर्समेंट प्लेट और लिक्विड मेटल हिंज का इस्तेमाल किया जाएगा, जिससे रोजाना उपयोग में क्रिज लगभग न के बराबर दिखाई देगा। एपल का फोकस केवल फोल्ड करने पर नहीं, बल्कि तीन से चार साल तक बिना किसी समस्या के चलने वाली टिकाऊपन पर है।
बिल्ड क्वालिटी और कैमरा सेटअप
प्रीमियम बिल्ड क्वालिटी पर विशेष ध्यान दिया गया है। लीक रिपोर्ट के अनुसार, डिवाइस में 48-मेगापिक्सल का डुअल रियर कैमरा सेटअप होगा। सबसे दिलचस्प बात यह है कि सेल्फी के लिए इनर डिस्प्ले पर कैमरा स्क्रीन के नीचे छिपा हो सकता है। सुरक्षा के लिए साइड बटन में टच आईडी दी जाएगी, क्योंकि फोल्डिंग मैकेनिज्म की वजह से फेस आईडी के लिए जगह सीमित है। आउटर स्क्रीन पर पंच-होल कैमरा होने की संभावना है। इस बार स्पेस बचाने के लिए फेस आईडी को हटाया जा सकता है और इसके बदले साइड बटन में टच आईडी दी जा सकती है, जैसा कि पुराने डिवाइस में होता था।
बैटरी और कनेक्टिविटी
बड़ी स्क्रीन की अधिक पावर डिमांड को देखते हुए एपल हाई-डेन्सिटी बैटरी सेल्स का उपयोग करेगा। यह अब तक के किसी भी आईफोन के मुकाबले सबसे ज्यादा बैकअप देने वाला फोन हो सकता है। यह डिवाइस पूरी तरह से eSIM-ओनली होगा, यानी इसमें सिम कार्ड डालने के लिए कोई छेद नहीं होगा। डिवाइस में एपल का इन-हाउस C2 मॉडेम होने की संभावना है। कलर ऑप्शन की बात करें तो शुरुआत में यह ब्लैक और व्हाइट कलर में उपलब्ध हो सकता है।
संभावित लॉन्च और कीमत
रिपोर्ट्स के अनुसार, इस फोल्डेबल डिवाइस का मास प्रोडक्शन 2026 के दूसरे हाफ में शुरू हो सकता है, जबकि इसका संभावित लॉन्च सितंबर 2026 में तय माना जा रहा है। मैन्युफैक्चरिंग की जिम्मेदारी ताइवान की प्रमुख कॉन्ट्रैक्ट निर्माता कंपनी फॉक्सकॉन के पास रहने की उम्मीद है, जो लंबे समय से एपल के प्रोडक्ट्स असेंबल करती आ रही है। हालांकि, हिंज मैकेनिज्म और फोल्डिंग डिस्प्ले की फाइन-ट्यूनिंग जैसे तकनीकी पहलुओं को देखते हुए लॉन्च टाइमलाइन में देरी की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया जा सकता। इसकी कीमत करीब दो से ढाई हजार डॉलर के बीच होने का अनुमान लगाया जा रहा है, जो इसे अब तक का सबसे महंगा आईफोन बना सकता है।
बाजार पर संभावित प्रभाव
फोल्डेबल सेगमेंट अभी तक एंड्रॉयड ब्रांड्स के कब्जे में रहा है। एपल की एंट्री से प्रीमियम फोल्डेबल मार्केट में प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और आईपैड और आईफोन के बीच एक नई हाइब्रिड कैटेगरी बन सकती है। साथ ही, एप डेवलपर्स को नए फॉर्म फैक्टर के लिए अपने एप्लिकेशन को ऑप्टिमाइज करना होगा। यह डिवाइस उन उपयोगकर्ताओं के लिए एक बड़ा आकर्षण होगा जो एक ही डिवाइस में फोन और टैबलेट दोनों का अनुभव चाहते हैं।