नीट पुनर्परीक्षा की तैयारियों पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री का एनटीए दौरा, राज्यों से बढ़े सहयोग की अपील

केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने मंगलवार को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) के मुख्यालय का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने नीट 2026 की पुनर्परीक्षा से जुड़ी तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। मंत्री ने एनटीए के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था, प्रश्नपत्रों की गोपनीयता और साइबर सुरक्षा उपायों का जायजा लिया।

बैठक के बाद धर्मेंद्र प्रधान ने संवाददाताओं को बताया कि 21 जून को होने वाली इस परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के लिए सरकार हरसंभव प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्र तैयार करने से लेकर परीक्षा केंद्रों तक सामग्री पहुंचाने की पूरी प्रक्रिया में गोपनीयता बनाए रखने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसके लिए सभी संबंधित विभागों के बीच समन्वय स्थापित किया गया है।

राज्यों के मुख्यमंत्रियों को लिखा गया पत्र

शिक्षा मंत्री ने बताया कि कैबिनेट सचिव की अध्यक्षता में विभिन्न विभागों के सचिवों की बैठक भी आयोजित की जा चुकी है। उन्होंने सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखकर परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान देने का अनुरोध किया है। प्रधान ने कहा कि राज्य सरकारों ने पहले भी सहयोग किया है, लेकिन इस बार और अधिक सतर्कता बरतने की आवश्यकता है ताकि परीक्षा निष्पक्ष और सुचारु रूप से संपन्न हो सके।

उन्होंने आगे बताया, “मैंने सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखा है। उनका पहले भी सहयोग रहा है, इस बार थोड़ा अधिक ध्यान देने की जरूरत है। कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने अपने राज्य के मुख्य सचिव और पुलिस महानिदेशक की उपस्थिति में जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों की बैठकें शुरू कर दी हैं। इन बैठकों में एनटीए के महानिदेशक स्वयं शामिल होते हैं। आज बिहार की बैठक हुई, पिछले दिनों महाराष्ट्र की बैठक हुई। राज्य अपनी प्रस्तुतियां दे रहे हैं।”

गृह सचिव करेंगे उच्च स्तरीय बैठक

धर्मेंद्र प्रधान ने यह भी जानकारी दी कि उन्होंने मंगलवार को केंद्रीय गृह मंत्री और रक्षा मंत्री से मुलाकात की है। साथ ही, शाम को स्वास्थ्य मंत्री से भी बैठक करने का कार्यक्रम है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय सुरक्षा तंत्र भी पूरे मामले पर करीबी नजर बनाए हुए है। आने वाले दिनों में केंद्रीय गृह सचिव इस विषय पर एक उच्च स्तरीय बैठक करेंगे। केंद्र सरकार की सभी संबंधित एजेंसियां अपनी-अपनी जिम्मेदारियां निभा रही हैं और परीक्षा से जुड़े हर पहलू पर नजर रखी जा रही है।

एनटीए में नए अधिकारियों की तैनाती

शिक्षा मंत्री ने बताया कि एनटीए की संस्थागत क्षमता को मजबूत करने के लिए कई नए अधिकारियों की नियुक्ति की गई है। संयुक्त सचिव और निदेशक स्तर के कई अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। उन्होंने कहा कि अनुभवी और नए दोनों तरह के अधिकारियों को स्पष्ट जिम्मेदारियां दी गई हैं ताकि परीक्षा संचालन में किसी प्रकार की चूक न हो।

आईबी और सीबीआई के साइबर संसाधनों का उपयोग

साइबर खतरों और अफवाहों से निपटने के लिए सरकार सभी उपलब्ध संसाधनों का उपयोग कर रही है। धर्मेंद्र प्रधान ने बताया कि इसमें इंटेलिजेंस ब्यूरो और केंद्रीय जांच ब्यूरो की साइबर क्षमताओं को भी शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि परीक्षा की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए व्यापक साइबर सुरक्षा तंत्र सक्रिय किया गया है और उन्हें अपनी पूरी टीम पर पूरा भरोसा है।

छात्रों से विशेष अपील

एनटीए मुख्यालय के दौरे के बाद धर्मेंद्र प्रधान ने छात्रों से अपील की। उन्होंने कहा, “मैं छात्रों को आश्वस्त करना चाहता हूं कि वे सिर्फ अपनी तैयारी पर ध्यान दें। हम परीक्षा का आयोजन पूरी तरह निष्पक्ष और बिना किसी गड़बड़ी के करेंगे।”

नीट पेपर लीक मामले में सख्त कार्रवाई की तैयारी

नीट पेपर लीक मामले पर शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि जांच फिलहाल केंद्रीय जांच ब्यूरो कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार चाहती है कि मामले में गिरफ्तार सभी आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई हो, उनकी भूमिका की पूरी जांच की जाए और अदालत में शीघ्र सुनवाई सुनिश्चित कर उन्हें उदाहरणात्मक सजा दिलाई जाए।

उन्होंने यह भी कहा कि जिन एजेंसियों या पक्षों ने अपने अनुबंध संबंधी दायित्वों का पालन नहीं किया, उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की संभावनाओं की भी जांच की जा रही है। इस संबंध में एनटीए कानूनी सलाह ले रही है।

प्रधानमंत्री की निगरानी

धर्मेंद्र प्रधान ने अंत में बताया कि प्रधानमंत्री स्वयं इस पूरे मामले पर नजर रखे हुए हैं। उन्होंने कहा कि पिछली कमियों से सबक लिया गया है और इस बार परीक्षा प्रक्रिया को अधिक मजबूत, सुरक्षित और पारदर्शी बनाया गया है।