दिल्ली सरकार की छात्रवृत्ति योजना: एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग के छात्रों के लिए आवेदन शुरू
दिल्ली सरकार ने शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के छात्रों के लिए छात्रवृत्ति आवेदन प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है। यह योजना आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी विद्यार्थियों को शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करने के उद्देश्य से बनाई गई है। पात्र छात्र 30 अप्रैल 2026 तक ई-डिस्ट्रिक्ट पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। इस पहल के तहत छात्रों को 5,000 रुपये से लेकर 20 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
स्कूल से विश्वविद्यालय तक का लाभ
सरकार द्वारा संचालित यह योजना पांच राज्य वित्तपोषित और कई केंद्र प्रायोजित कार्यक्रमों को शामिल करती है। इसका लाभ स्कूल, कॉलेज और विश्वविद्यालय स्तर पर पढ़ने वाले छात्रों को मिलेगा। कक्षा 1 से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए ट्यूशन फीस और अन्य अनिवार्य शुल्क की प्रतिपूर्ति की जाएगी। इसके लिए परिवार की वार्षिक आय तीन लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए, साथ ही छात्रों को निर्धारित उपस्थिति और शैक्षणिक मानकों को पूरा करना अनिवार्य है।
उच्च शिक्षा के लिए मेरिट आधारित छात्रवृत्ति
पेशेवर, तकनीकी और उच्च शिक्षा में नामांकित छात्रों के लिए मेरिट आधारित छात्रवृत्ति योजना उपलब्ध है। इसके अंतर्गत छात्रों को प्रति वर्ष 8,000 से 24,000 रुपये तक की सहायता दी जाएगी। इस योजना के लिए पिछले शैक्षणिक वर्ष में न्यूनतम 60 प्रतिशत अंक प्राप्त करना आवश्यक है। छात्रावास में रहने वाले और डे स्कॉलर छात्रों के लिए सहायता राशि अलग-अलग निर्धारित की गई है, जिससे दोनों श्रेणियों के विद्यार्थियों को समान लाभ मिल सके।
टॉपर्स के लिए विशेष पुरस्कार
डॉ. बी.आर. अंबेडकर स्टेट टॉपर अवॉर्ड के तहत विश्वविद्यालयों में प्रत्येक विषय के शीर्ष एससी, एसटी और ओबीसी छात्रों को 25,000 रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा। यह योजना मेधावी छात्रों को प्रोत्साहित करने और उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों को मान्यता देने के लिए शुरू की गई है। इससे छात्रों में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना विकसित होगी।
अन्य महत्वपूर्ण योजनाएं
- मुख्यमंत्री विद्यार्थी प्रतिभा योजना: कक्षा 9 और 10 के छात्रों को 5,000 रुपये प्रति वर्ष, जबकि कक्षा 11 और 12 के छात्रों को 10,000 रुपये प्रति वर्ष की सहायता प्रदान की जाएगी।
- विदेश अध्ययन सहायता: एससी वर्ग के छात्रों को विदेश में मास्टर्स और पीएचडी की पढ़ाई के लिए अधिकतम 20 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाएगी।
दिल्ली सरकार की यह पहल कमजोर वर्गों के छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने और उनके सपनों को साकार करने में मददगार साबित होगी। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह से ऑनलाइन है, जिससे छात्र आसानी से अपने घर बैठे आवेदन कर सकते हैं।