इंस्टेंट लोन के नाम पर बढ़ रही है ठगी, सरकार ने इन फेक एप्स की लिस्ट की जारी

आजकल पैसों की तत्काल जरूरत होने पर लोग अक्सर इंस्टेंट लोन देने वाले मोबाइल एप्लिकेशन का सहारा लेते हैं। लेकिन यह सुविधा कई बार बड़ी मुसीबत का कारण बन सकती है। साइबर सुरक्षा एजेंसी ‘साइबर दोस्त’ ने हाल ही में दस ऐसे फर्जी लोन एप्स की सूची जारी की है, जो लोगों को आसान लोन और आकर्षक ऑफर्स का लालच देकर उनकी निजी जानकारी चुरा रहे हैं। ये एप्स यूजर्स का डेटा चुराकर उनके बैंक खातों को खाली करने और ब्लैकमेल करने जैसी वारदातों को अंजाम दे रहे हैं।

कैसे काम करते हैं ये फर्जी लोन एप्स?

साइबर दोस्त के अनुसार, ये फर्जी एप्स बिना किसी अधिक दस्तावेज के तुरंत लोन देने का दावा करते हैं। साइबर अपराधी सोशल मीडिया विज्ञापनों, संदेशों और नकली वेबसाइटों के जरिए लोगों को अपना निशाना बनाते हैं। जैसे ही कोई व्यक्ति इन एप्स को डाउनलोड करता है, एप तुरंत मोबाइल के कॉन्टैक्ट्स, फोटो, मैसेज और अन्य संवेदनशील अनुमतियां मांगने लगता है। जानकारी भरते ही यूजर का पर्सनल डेटा चोरी कर लिया जाता है। इसके बाद बैंकिंग डिटेल्स का दुरुपयोग करके पैसे निकाल लिए जाते हैं या फिर ब्लैकमेलिंग और धमकी देकर परेशान किया जाता है। कई बार फर्जी रिकवरी एजेंट बनाकर भी लोगों को प्रताड़ित किया जाता है।

इन फेक लोन एप्स से रहें सावधान

साइबर दोस्त ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए इन फर्जी एप्स की लिस्ट साझा की है। इसमें निम्नलिखित एप्लिकेशन शामिल हैं:

  • सफल स्कोर आसान लोन
  • फिन क्योर क्रेडिट असिस्टेंट
  • फ्लेक्सी लोन EMI
  • ईजी क्रेडिट चेक
  • फिन मोना पर्सनल क्रेडिट
  • धन श्री सलाह
  • रुपीजार एसेट एक्सेस
  • एस लार्ज क्विक लोन असिस्टेंट
  • लोन ब्लूम
  • ब्रियो क्रेडिट क्रेडिट असिस्टेंट

अगर इनमें से कोई भी एप आपके फोन में मौजूद है, तो तुरंत सतर्क हो जाएं और इसे अनइंस्टॉल कर दें।

सुरक्षित रहने के लिए अपनाएं ये सावधानियां

इन ठगों के जाल से बचने के लिए कुछ बुनियादी बातों का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। पहला, कोई भी लोन एप डाउनलोड करने से पहले यह जांच लें कि वह कंपनी भारतीय रिजर्व बैंक की आधिकारिक NBFC (नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी) सूची में शामिल है या नहीं। दूसरा, अगर कोई एप आपकी कॉन्टैक्ट लिस्ट या फोटो गैलरी तक पहुंच मांगता है, तो समझ जाएं कि यह संदिग्ध है। ऐसे एप्स को कोई भी अनुमति न दें। तीसरा, केवल रेटिंग देखकर भरोसा न करें, बल्कि यूजर्स के मूल रिव्यू और कमेंट्स को जरूर पढ़ें। चौथा, हमेशा याद रखें कि बहुत आसान और तुरंत मिलने वाला हर लोन सुरक्षित नहीं होता। लालच में आकर अपनी सुरक्षा से समझौता न करें। समय लेकर सही और नियमित तरीकों से ही लोन लें।

ठगी का शिकार होने पर तुरंत करें ये कार्रवाई

अगर आप या आपका कोई परिचित किसी साइबर फ्रॉड का शिकार हो जाता है, तो घबराने या बात छुपाने की जरूरत नहीं है। तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें और अपनी शिकायत आधिकारिक पोर्टल पर दर्ज कराएं। जागरूक रहना ही इस तरह की धोखाधड़ी से बचने का सबसे कारगर उपाय है। विशेषज्ञों की सलाह है कि बहुत आसान और तुरंत अप्रूवल का दावा करने वाले एप्स से हमेशा दूरी बनाए रखें, क्योंकि ऐसे एप्स अक्सर भरोसेमंद नहीं होते। सतर्कता और सावधानी ही आपकी सबसे बड़ी सुरक्षा है।