दिल्ली के सरकारी स्कूलों में तकनीकी क्रांति: 21 हजार स्मार्ट बोर्ड और 7 हजार कंप्यूटर

दिल्ली के सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। शिक्षा विभाग ने स्कूलों को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की योजना तैयार की है, जिसके तहत आने वाले समय में कक्षाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ा जाएगा। इस योजना का उद्देश्य विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा प्रदान करना और उन्हें डिजिटल युग के लिए तैयार करना है।

स्मार्ट बोर्ड से सजेंगी कक्षाएं

दिल्ली सरकार ने अगले चार वर्षों में 21 हजार क्लासरूम में स्मार्ट बोर्ड लगाने का लक्ष्य रखा है। ये स्मार्ट बोर्ड खासतौर पर कक्षा 9वीं से 12वीं तक के कमरों में स्थापित किए जाएंगे। इन बोर्डों की खास बात यह होगी कि पांच साल तक इनके रख-रखाव की गारंटी भी दी जाएगी। फिलहाल, 7 हजार स्मार्ट ब्लैक बोर्ड के लिए टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है, जिससे जल्द ही इन्हें स्कूलों में लगाने का काम शुरू हो जाएगा।

आईसीटी लैब्स को मिलेगी नई ताकत

डिजिटल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सरकारी स्कूलों में आईसीटी लैब्स को भी अपग्रेड किया जा रहा है। मार्च के अंत तक 175 आईसीटी लैब्स में 7 हजार नए कंप्यूटर उपलब्ध कराए जाएंगे। इन कंप्यूटरों का टेंडर भी हो चुका है और ये समय पर स्कूलों पहुंच जाएंगे। दिल्ली में एक हजार से अधिक सरकारी स्कूल हैं और सरकार की योजना अगले तीन वर्षों में हर स्कूल में आईसीटी लैब स्थापित करने की है।

कंप्यूटर साक्षरता पर जोर

शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान इस बात पर जोर दिया कि नीट, सीयूईटी और क्लैट जैसी बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए कंप्यूटर साक्षरता अनिवार्य हो गई है। उन्होंने कहा कि कई बच्चों के घरों में कंप्यूटर नहीं हैं, इसलिए स्कूलों में ही उन्हें यह सुविधा मुहैया कराना जरूरी है। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले एक साल में 7 हजार से अधिक नए कंप्यूटर सरकारी स्कूलों को दिए जा चुके हैं।

साझेदारी से मिल रहा सहयोग

इस डिजिटल मिशन में लाडली फाउंडेशन का भी अहम योगदान रहा है। फाउंडेशन की ओर से अब तक 100 आईसीटी लैब्स में 2 हजार कंप्यूटर दान किए जा चुके हैं। इसके अलावा, 75 और लैब्स में 1,500 अतिरिक्त कंप्यूटर देने का वादा भी किया गया है। इन लैब्स में हर टेबल पर अलग कंप्यूटर और अलग यूपीएस की सुविधा दी गई है, ताकि बिना किसी रुकावट के पढ़ाई हो सके।

डिजिटल लाइब्रेरी का विस्तार

सिर्फ लैब्स ही नहीं, बल्कि सरकारी स्कूलों में डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधा भी बढ़ाई जा रही है। इस वर्ष 100 से अधिक डिजिटल लाइब्रेरी स्थापित की जा रही हैं, जहां छात्र ऑनलाइन संसाधनों का उपयोग कर अपनी पढ़ाई को और प्रभावी बना सकेंगे। यह कदम छात्रों को आधुनिक शिक्षा प्रणाली से जोड़ने और उनके भविष्य को उज्जवल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।