Apple देगी iPhone यूजर्स को मुआवजा: भ्रामक विज्ञापनों का भारी पड़ा असर, 2,085 करोड़ का सेटलमेंट
टेक दिग्गज एपल को अपने आईफोन 16 सीरीज के लॉन्च के दौरान किए गए बड़े-बड़े वादों की कीमत चुकानी पड़ी है। कंपनी ने ‘Apple Intelligence’ फीचर्स को लेकर भ्रामक दावे करने के आरोपों में एक क्लास-एक्शन मुकदमे को सुलझाने के लिए 250 मिलियन डॉलर (भारतीय रुपयों में लगभग 2,085 करोड़) का समझौता किया है। इस फैसले के बाद कुछ खास आईफोन मॉडल्स के अमेरिकी उपयोगकर्ताओं को कंपनी की ओर से सीधा मुआवजा मिलेगा।
क्या है पूरा विवाद?
यह कानूनी लड़ाई तब शुरू हुई जब एक उपभोक्ता ने 2024 में कैलिफोर्निया की अदालत में एपल के खिलाफ मुकदमा दायर किया। मुकदमे का आधार WWDC 2024 इवेंट में कंपनी द्वारा किए गए वे शानदार वादे थे, जिनमें आईफोन 16 सीरीज के साथ एक क्रांतिकारी ‘एपल इंटेलिजेंस’ और अत्यधिक पर्सनलाइज्ड ‘सिरी’ अनुभव देने का दावा किया गया था।
एपल के आकर्षक विज्ञापनों ने ग्राहकों के मन में बहुत ऊंची उम्मीदें जगा दीं। लेकिन जब 2024 के अंत में आईफोन 16 सीरीज बाजार में आई, तो उपयोगकर्ताओं को पता चला कि प्रचारित किए गए एआई फीचर्स या तो बहुत सीमित थे या पूरी तरह से गायब थे। मुकदमे में आरोप लगाया गया कि कंपनी ने अपने फीचर्स की वास्तविक क्षमता और प्रदर्शन के बारे में उपभोक्ताओं को गुमराह किया।
एपल का बचाव क्या है?
इस पूरे मामले में एपल ने अपनी कोई गलती या दोष सीधे तौर पर स्वीकार नहीं किया है। कंपनी ने कानूनी प्रक्रिया को लंबा खींचने के बजाय समझौते का रास्ता चुना है। एक आधिकारिक बयान में एपल ने स्पष्ट किया कि उसने दो अतिरिक्त फीचर्स की उपलब्धता से जुड़े दावों को सुलझाने के लिए यह सेटलमेंट किया है, ताकि वह अपना पूरा ध्यान बेहतरीन और इनोवेटिव प्रोडक्ट्स बनाने पर लगा सके।
अपनी सफाई में एपल ने यह भी कहा कि उसने अपने वादे के अनुसार कई एडवांस एआई फीचर्स पहले ही पेश कर दिए हैं। इनमें विजुअल इंटेलिजेंस, लाइव ट्रांसलेशन, राइटिंग टूल्स, जेनमोजी और क्लीन अप जैसे टूल्स शामिल हैं। कंपनी का कहना है कि नई और बेहतर सिरी के फीचर्स इस साल के अंत तक पेश किए जा सकते हैं।
कौन-कौन से उपयोगकर्ता होंगे पात्र?
इस सेटलमेंट का लाभ केवल उन ग्राहकों को मिलेगा जिन्होंने एक निश्चित समय सीमा के भीतर अमेरिका में एपल इंटेलिजेंस को सपोर्ट करने वाला आईफोन खरीदा है। पात्रता की शर्तें इस प्रकार हैं:
- आपने 10 जून 2024 से 29 मार्च 2025 के बीच आईफोन खरीदा हो।
- आपका आईफोन मॉडल निम्न में से एक हो: आईफोन 15 प्रो, 15 प्रो मैक्स, या आईफोन 16 सीरीज का कोई भी मॉडल (आईफोन 16, 16e, 16 प्लस, 16 प्रो, 16 प्रो मैक्स)।
- डिवाइस अनिवार्य रूप से अमेरिका में ही खरीदा गया हो।
यदि आप इन शर्तों को पूरा करते हैं, तो आप इस समझौते के तहत अपना दावा पेश कर सकते हैं।
कितना मिलेगा मुआवजा?
मुआवजे की राशि को लेकर अनुमान है कि सफलतापूर्वक दावा करने वाले प्रत्येक पात्र उपयोगकर्ता को प्रति डिवाइस लगभग $25 (करीब 2,380 रुपये) दिए जाएंगे। हालांकि, यह राशि अंतिम नहीं है। अगर दावा करने वाले लोगों की कुल संख्या कम रहती है, तो प्रति व्यक्ति मिलने वाला यह मुआवजा बढ़कर $95 (लगभग 9,050 रुपये) तक भी जा सकता है।
आगे की प्रक्रिया क्या है?
इस समझौते को अदालत से शुरुआती मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन अंतिम मंजूरी अभी बाकी है। पात्र उपयोगकर्ताओं को अगले 45 दिनों के भीतर ईमेल के जरिए विस्तृत निर्देश भेज दिए जाएंगे। इस मामले पर अंतिम सुनवाई 17 जून 2026 को उत्तरी कैलिफोर्निया के फेडरल डिस्ट्रिक्ट कोर्ट में होगी, जहां जज नोएल वाइज इस पर अपनी अंतिम मुहर लगाएंगी।
कैसे शुरू हुआ यह विवाद?
इस पूरे विवाद की जड़ मॉर्गन स्टेनली के एक सर्वे में मिली, जिसमें यह बात सामने आई कि आईफोन खरीदने की इच्छा रखने वाले ग्राहकों के लिए ‘एडवांस सिरी’ सबसे आकर्षक फीचर था। इसी मांग को भुनाने के लिए एपल ने 2024 में एक बड़ा विज्ञापन अभियान चलाया और इन एआई क्षमताओं का जमकर प्रचार किया।
हालांकि, जब फोन बिकने लगे, तो कंपनी ने अचानक इन फीचर्स की लॉन्चिंग को अनिश्चित काल के लिए टाल दिया और अपने विज्ञापनों को भी वापस ले लिया। इससे उन ग्राहकों को धोखा महसूस हुआ, जिन्होंने सिर्फ इसी फीचर के लिए नया फोन खरीदा था। अब कंपनी इस मामले को समझौते के जरिए शांत करने की कोशिश कर रही है, लेकिन अंतिम फैसला जून 2026 में ही आएगा।