विशाखापत्तनम में बनेगा देश का पहला AI डेटा हब, ये दिग्गज कंपनियां दिखा रही हैं दिलचस्पी

भारत अब कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के क्षेत्र में वैश्विक स्तर पर अपनी पकड़ मजबूत करने की तैयारी कर रहा है। इसी कड़ी में आंध्र प्रदेश सरकार ने विशाखापत्तनम (विजाग) को देश के पहले AI-केंद्रित डेटा शहर के रूप में विकसित करने की महत्वाकांक्षी योजना बनाई है। इस परियोजना का उद्देश्य एक समग्र डेटा इकोसिस्टम तैयार करना है, जो आने वाले दशक की डिजिटल अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान कर सके।

विशाखापत्तनम को ही क्यों चुना गया?

समुद्र तट पर बसे इस बंदरगाह शहर की भौगोलिक स्थिति इसे एक रणनीतिक लाभ प्रदान करती है। यह शहर दक्षिण-पूर्व एशिया से भारत को जोड़ने वाली समुद्री इंटरनेट केबल कनेक्टिविटी का केंद्र बिंदु है। सिंगापुर तक सीधी कनेक्टिविटी के लिए यहां एक सबमरीन केबल का लैंडिंग पॉइंट विकसित किया जा रहा है। इसका सीधा लाभ यह होगा कि AI कंपनियों को अत्यधिक तेज और कम विलंबता वाला डेटा ट्रांसफर मिल सकेगा, जो बड़े मॉडलों और क्लाउड प्रोसेसिंग के लिए अनिवार्य है।

डेटा स्टोरेज के साथ-साथ मैन्युफैक्चरिंग का भी केंद्र

यह परियोजना केवल डेटा स्टोर करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यहां उस डेटा को संचालित करने वाली मशीनें भी बनाई जाएंगी। योजना के तहत 100 किलोमीटर के दायरे में हाइपरस्केल डेटा सेंटर, सर्वर और विशेष वॉटर-कूलिंग सिस्टम बनाने वाली फैक्ट्रियां स्थापित की जाएंगी। सरकार का लक्ष्य एक ऐसा एकीकृत इकोसिस्टम विकसित करना है, जहां हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर दोनों एक ही स्थान पर तैयार हो सकें।

AI की दौड़ में तेजी लाने की तैयारी

नई दिल्ली में आयोजित होने वाले AI इंडिया इम्पैक्ट समिट 2026 से पहले आंध्र प्रदेश के आईटी मंत्री नारा लोकेश ने स्पष्ट किया है कि भारत अब AI को अपनाने पर बहस नहीं, बल्कि उसमें सबसे तेज दौड़ने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। विशाखापत्तनम इस दौड़ की शुरुआत का बिंदु होगा।

इस परियोजना में कौन-कौन सी दिग्गज कंपनियां शामिल होंगी?

AI डेटा सिटी परियोजना को उद्योग जगत से व्यापक समर्थन मिल रहा है। इस संबंध में प्रमुख जानकारी इस प्रकार है:

  • गूगल ने अमेरिका के बाहर यहां अपना सबसे बड़ा AI इंफ्रास्ट्रक्चर हब बनाने का वादा किया है।
  • रिलायंस, ब्रुकफील्ड कॉर्पोरेशन और डिजिटल रियल्टी के संयुक्त उपक्रम (जॉइंट वेंचर) भी राज्य में AI परियोजनाओं में निवेश कर रहे हैं।
  • राज्य सरकार के अनुसार, अब तक 700 से अधिक परियोजनाओं के लिए निवेश समझौते हस्ताक्षरित किए जा चुके हैं।

AI इंडिया इम्पैक्ट समिट 2026 से मिलेगा वैश्विक मंच

नई दिल्ली में आयोजित होने वाला AI इंडिया इम्पैक्ट समिट 2026 इस पहल को अंतरराष्ट्रीय पहचान प्रदान करेगा। इस सम्मेलन में दुनिया भर के सीईओ और कई देशों के शीर्ष प्रतिनिधि भाग लेने वाले हैं। टेक विशेषज्ञ इसे ग्लोबल साउथ का सबसे बड़ा AI मंच बता रहे हैं। यह समिट विशाखापत्तनम में बनने वाले AI डेटा हब को वैश्विक स्तर पर स्थापित करने में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।