एआई का बढ़ता दबाव: एंट्री-लेवल नौकरियों पर संकट, युवाओं के लिए चेतावनी

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) का प्रभाव अब केवल चर्चा का विषय नहीं रहा, बल्कि यह वास्तविकता में बदल चुका है। दुनिया भर में कंपनियां एआई को अपना रही हैं, लेकिन इसका सबसे अधिक खामियाजा एंट्री-लेवल नौकरियों पर पड़ रहा है। आयरलैंड से आए ताजा आंकड़े इस बात का स्पष्ट संकेत हैं कि युवा पीढ़ी के लिए रोजगार के अवसर सिकुड़ रहे हैं।

आयरलैंड में युवाओं पर कितना बड़ा असर?

आयरलैंड के वित्त विभाग द्वारा जारी एक नई रिपोर्ट में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, देश में लगभग 63 प्रतिशत नौकरियां एआई के प्रभाव के दायरे में आ गई हैं। हालांकि, सबसे बुरा प्रभाव 15 से 29 वर्ष के युवाओं पर देखा गया है। साल 2023 से 2025 के बीच टेक्नोलॉजी सेक्टर में युवाओं के रोजगार में 20 प्रतिशत की गिरावट आई है। इसके विपरीत, 30 से 59 वर्ष के अनुभवी कर्मचारियों के रोजगार में इसी अवधि के दौरान 12 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।

यह आंकड़ा बताता है कि कंपनियां अनुभवी कर्मचारियों को बनाए रख रही हैं, लेकिन नई भर्तियों, खासकर एंट्री-लेवल पदों पर, उन्होंने ब्रेक लगा दिया है। फाइनेंस, सूचना प्रौद्योगिकी और संचार जैसे ‘उच्च जोखिम’ वाले क्षेत्रों में युवाओं का रोजगार 1 प्रतिशत घटा है, जबकि इन्हीं क्षेत्रों में कुल रोजगार में वृद्धि हुई है। इसका मतलब साफ है कि नई नौकरियां तो सृजित हो रही हैं, लेकिन वे नए और युवा कर्मचारियों के लिए नहीं हैं।

किन क्षेत्रों पर मंडरा रहा है सबसे बड़ा खतरा?

रिपोर्ट ने उन क्षेत्रों की स्पष्ट रूप से पहचान की है जो एआई के कारण सबसे अधिक असुरक्षित हैं। वित्तीय सेवाएं और टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में 2023-2025 के बीच रोजगार वृद्धि मात्र 4 प्रतिशत रही। इसके अलावा, रियल एस्टेट, बीमा, कानूनी सेवाएं, लेखांकन, रक्षा और खुदरा क्षेत्र भी इस सूची में शामिल हैं। दूसरी ओर, निर्माण और स्वास्थ्य सेवा जैसे कम जोखिम वाले क्षेत्रों में 6.25 प्रतिशत की बेहतर वृद्धि देखी गई है। यह एक स्पष्ट संकेत है कि जो क्षेत्र जितना अधिक डिजिटल और दोहराव वाला है, उस पर एआई का खतरा उतना ही अधिक है।

आयरलैंड का मामला क्यों है खास?

करीब 53 लाख की आबादी वाला आयरलैंड कई बड़ी अंतरराष्ट्रीय टेक और बैंकिंग कंपनियों का मुख्यालय है। नवंबर 2025 में वहां नौकरी पोर्टलों पर पोस्ट की गई 11 प्रतिशत से अधिक नौकरियों में एआई से जुड़े शब्द शामिल थे, जो अमेरिका और यूरोप के औसत से लगभग तीन गुना अधिक है। रिपोर्ट में यह भी स्पष्ट किया गया है कि एआई के कारण बड़े पैमाने पर मौजूदा कर्मचारियों की छंटनी नहीं हुई है, बल्कि नई भर्तियों और एंट्री-लेवल के अवसरों में कमी आई है। यह एक ‘साइलेंट किलर’ की तरह काम कर रहा है, जो धीरे-धीरे युवाओं के लिए करियर के रास्ते बंद कर रहा है।

युवाओं में बढ़ती बेरोजगारी और वैश्विक चेतावनी

आयरलैंड में युवा बेरोजगारी दर लगभग 12 प्रतिशत तक पहुंच गई है और 2024 की तीसरी तिमाही से इसमें लगातार वृद्धि हो रही है। यह स्थिति इसलिए भी चिंताजनक है क्योंकि आयरलैंड यूरोपीय संघ में प्रति व्यक्ति सबसे अधिक STEM ग्रेजुएट्स वाला देश है और एआई प्रतिभा के लिए भी जाना जाता है। इसके बावजूद, तकनीक में तेजी से आ रहे बदलाव ने पारंपरिक करियर के रास्तों को अस्थिर कर दिया है।

यह समस्या केवल आयरलैंड तक सीमित नहीं है। एक अध्ययन के अनुसार, अमेरिका में 22 से 25 वर्ष के युवाओं में एआई से प्रभावित नौकरियों में 16 प्रतिशत की सापेक्ष गिरावट दर्ज की गई है। टेक्नोलॉजी के क्षेत्र के दिग्गज भी इस बारे में चेतावनी दे चुके हैं। माइक्रोसॉफ्ट के एआई प्रमुख ने हाल ही में कहा कि कंप्यूटर पर होने वाले अधिकांश व्हाइट-कॉलर काम अगले 18 महीनों में स्वचालित हो सकते हैं। वहीं, एंथ्रोपिक के सीईओ ने आशंका जताई है कि अगले पांच वर्षों में एंट्री-लेवल व्हाइट-कॉलर नौकरियों का आधा हिस्सा खत्म हो सकता है।