नीट पुनर्परीक्षा: वायुसेना के हेलीकॉप्टर से तिरुनेलवेली पहुंचेंगे प्रश्नपत्र, सेना ने किया मॉक ड्रिल का आयोजन
तमिलनाडु के तिरुनेलवेली में नीट पुनर्परीक्षा के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। प्रश्नपत्रों को मदुरै से भारतीय वायुसेना के हेलीकॉप्टर के माध्यम से तिरुनेलवेली भेजने की योजना बनाई गई है, जिसके लिए पूर्वाभ्यास भी किया जा चुका है। इस अभ्यास के तहत भारतीय सेना ने तिरुनेलवेली आर्म्ड रिजर्व ग्राउंड पर हेलीकॉप्टर की परीक्षण लैंडिंग की।
हेलीकॉप्टर से प्रश्नपत्रों की सुरक्षित आवाजाही
पिछले महीने आयोजित परीक्षा में कथित प्रश्नपत्र लीक के आरोपों के बाद इसे रद्द कर दिया गया था। इसके मद्देनजर अधिकारियों ने 21 जून को पुनर्परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया है। परीक्षा की पारदर्शिता और गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए इस बार सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत किया गया है।
प्रस्तावित योजना के अनुसार, प्रश्नपत्र पहले दिल्ली से हवाई मार्ग द्वारा मदुरै लाए जाएंगे। इसके बाद इन्हें भारतीय सेना के हेलीकॉप्टर से तिरुनेलवेली आर्म्ड रिजर्व ग्राउंड तक पहुंचाया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी वायुसेना के अधिकारी करेंगे, जिससे किसी भी प्रकार की चूक से बचा जा सके।
मॉक ड्रिल और सुरक्षा व्यवस्था का परीक्षण
प्रश्नपत्रों के सुरक्षित परिवहन की तैयारियों का जायजा लेने के लिए अधिकारियों ने एक मॉक ड्रिल आयोजित की। इसमें हेलीकॉप्टर की परीक्षण लैंडिंग और सुरक्षा प्रक्रियाओं का बारीकी से निरीक्षण किया गया, ताकि वास्तविक परीक्षा के दिन किसी भी तरह की समस्या न हो। तिरुनेलवेली शहर के ऊपर सैन्य हेलीकॉप्टर की अचानक उड़ान देखकर स्थानीय लोगों में भी उत्सुकता देखी गई।
टेलीग्राम पर अस्थायी प्रतिबंध
पुनर्परीक्षा से पहले मैसेजिंग प्लेटफॉर्म टेलीग्राम पर भी अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया गया है। राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के अनुरोध और उच्च शिक्षा विभाग की सिफारिश पर इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने यह कदम उठाया है। यह प्रतिबंध 22 जून तक प्रभावी रहेगा, जिसमें पुनर्परीक्षा का दिन और उसके बाद का समय शामिल है।
अधिकारियों के अनुसार, कुछ संगठित नकल गिरोह टेलीग्राम के जरिए परीक्षा के बाद फर्जी ‘पेपर लीक’ के सबूत तैयार कर उम्मीदवारों को गुमराह करते थे। इसलिए यह कदम उठाया गया है।
मैसेज एडिट फीचर भी बंद
एनटीए के अनुसार, टेलीग्राम को भारत में पहले से पोस्ट किए गए संदेशों के लिए मैसेज एडिटिंग फीचर को भी अस्थायी रूप से बंद करने का निर्देश दिया गया है। यह व्यवस्था 30 जून 2026 तक लागू रहेगी। एजेंसी का मानना है कि नकल और धोखाधड़ी से जुड़े नेटवर्क इन फीचर्स का इस्तेमाल कर परीक्षा से संबंधित भ्रामक दावे फैलाते थे।
अभ्यर्थियों को अफवाहों से सावधान रहने की सलाह
एनटीए ने स्पष्ट किया है कि नीट यूजी 2026 की पुनर्परीक्षा 21 जून को निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार ही आयोजित होगी। एजेंसी ने उम्मीदवारों से सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही अपुष्ट जानकारी से बचने और केवल आधिकारिक वेबसाइट तथा सत्यापित एनटीए चैनलों पर ही भरोसा करने की अपील की है।
अभ्यर्थियों और अभिभावकों से यह भी कहा गया है कि यदि कोई व्यक्ति परीक्षा से जुड़ी फर्जी जानकारी, पेपर उपलब्ध कराने के दावे या धोखाधड़ी का प्रयास करता है, तो इसकी शिकायत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन या राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर की जा सकती है।
नीट री-एग्जाम के लिए हेलीकॉप्टर से प्रश्नपत्रों की ढुलाई, मॉक ड्रिल, टेलीग्राम पर अस्थायी प्रतिबंध और डिजिटल निगरानी जैसे कदम यह दर्शाते हैं कि इस बार परीक्षा की गोपनीयता बनाए रखने के लिए अभूतपूर्व सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं। अधिकारियों का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पुनर्परीक्षा पूरी तरह निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से संपन्न हो।