सीबीएसई का बड़ा फैसला: 12वीं की एक करोड़ से अधिक कॉपियां होंगी ऑनस्क्रीन जांच, शिक्षकों के लिए अभ्यास अनिवार्य

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने इस वर्ष 12वीं कक्षा की उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए पूरी तरह डिजिटल प्रणाली अपनाने का निर्णय लिया है। अब परीक्षक कंप्यूटर स्क्रीन पर ही कॉपियां जांचेंगे, जिससे पारंपरिक तरीके से मूल्यांकन की प्रक्रिया में बड़ा बदलाव आएगा। इस नई व्यवस्था को सुचारू रूप से लागू करने के लिए बोर्ड ने सभी संबद्ध स्कूलों के प्रधानाचार्यों को विशेष निर्देश जारी किए हैं।

शिक्षकों के लिए अनिवार्य अभ्यास सत्र

सीबीएसई ने ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) पोर्टल पर एक विशेष अभ्यास मॉड्यूल सक्रिय कर दिया है। प्रधानाचार्यों को यह सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी दी गई है कि उनके स्कूल के सभी शिक्षक अपनी OASIS (Online Affiliated Schools Information System) आईडी के माध्यम से इस पोर्टल पर लॉगिन करें और अभ्यास पूरा करें। यह प्रशिक्षण सत्र शिक्षकों को डिजिटल मूल्यांकन की प्रक्रिया से परिचित कराने के लिए अनिवार्य किया गया है, ताकि वास्तविक मूल्यांकन के दौरान किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रक्रियागत समस्या का सामना न करना पड़े।

लॉगिन विवरण और ईमेल साझाकरण

बोर्ड ने OSM पोर्टल का यूआरएल, मूल्यांकनकर्ताओं के लॉगिन आईडी और पासवर्ड सीधे स्कूलों की OASIS पोर्टल पर पंजीकृत ईमेल आईडी पर भेज दिए हैं। अब विद्यालय प्रमुखों की जिम्मेदारी है कि वे कक्षा 11 और 12 के सभी शिक्षकों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पोर्टल पर लॉगिन करके अभ्यास पूरा करने के लिए प्रेरित करें। बोर्ड इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी करेगा और यह सुनिश्चित करेगा कि सौंपे गए कार्य समय पर पूरे हों।

एक करोड़ से अधिक कॉपियों का डिजिटल मूल्यांकन

बोर्ड द्वारा जारी जानकारी के अनुसार, इस वर्ष 12वीं कक्षा की एक करोड़ से अधिक उत्तरपुस्तिकाओं के लगभग 32 करोड़ पृष्ठों का मूल्यांकन ऑनस्क्रीन किया जाएगा। परीक्षा नियंत्रक के अनुसार, इस व्यवस्था से उत्तरपुस्तिकाओं के परिवहन में लगने वाला समय और खर्च दोनों में काफी कमी आएगी। साथ ही, शिक्षक अपने स्कूल की कंप्यूटर लैब से ही मूल्यांकन कार्य कर सकेंगे, जिससे प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और सुव्यवस्थित हो जाएगी।

परीक्षा कार्यक्रम और मूल्यांकन पद्धति

सीबीएसई की 10वीं बोर्ड परीक्षाएं 17 फरवरी से 11 मार्च तक आयोजित होंगी, जबकि 12वीं कक्षा की परीक्षाएं 17 फरवरी से 10 अप्रैल 2026 तक चलेंगी। परीक्षा समाप्त होने के बाद 12वीं की उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन डिजिटल माध्यम से किया जाएगा। हालांकि, 10वीं कक्षा की कॉपियों की जांच फिलहाल पारंपरिक पद्धति के अनुसार ही की जाएगी।