सेल्सफोर्स का नया मॉडल: भर्ती पर रोक, AI पर 300 मिलियन डॉलर का दांव
साल 2025 में सेल्सफोर्स ने सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की नियुक्तियों पर पूरी तरह से रोक लगा दी थी। इस फैसले के पीछे मुख्य वजह AI टूल्स के कारण कर्मचारियों की उत्पादकता में आया जबरदस्त उछाल था। अब कंपनी के सीईओ मार्क बेनीऑफ ने एक और बड़ी घोषणा की है। उनके अनुसार, 2026 में कंपनी एंथ्रोपिक के AI टोकन पर लगभग 300 मिलियन डॉलर (करीब 2500 करोड़ रुपये) खर्च कर सकती है। इस भारी बजट का अधिकांश हिस्सा सीधे कोडिंग के कार्यों पर खर्च किया जाएगा। यह कदम कंपनी की बदलती रणनीति को स्पष्ट करता है, जहां नए कर्मचारियों को काम पर रखने के बजाय मौजूदा इंजीनियरों की क्षमता बढ़ाने के लिए AI प्रणालियों में निवेश किया जा रहा है।
भर्ती रोकने के पीछे का कारण
मार्क बेनीऑफ ने 2024 में ही सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की भर्ती रोकने का निर्णय ले लिया था। उन्होंने बताया कि एजेंटफोर्स और अन्य AI उपकरणों के इस्तेमाल से इंजीनियरिंग टीम की कार्य गति में 30% से अधिक की वृद्धि हुई है। दिलचस्प बात यह है कि इंजीनियरों की भर्ती रुकी रही, लेकिन कंपनी ने अन्य विभागों में विस्तार जारी रखा। अपने AI उत्पादों को बड़े ग्राहकों तक पहुंचाने के लिए सेल्सफोर्स ने 1,000 से 2,000 नए सेल्स कर्मचारियों को नियुक्त करने की योजना बनाई।
क्या इंजीनियरों की भूमिका खत्म हो रही है?
ऐसा बिल्कुल नहीं है। बेनीऑफ ने स्पष्ट किया है कि AI तकनीक अभी इतनी उन्नत नहीं हुई है कि वह मनुष्यों की जगह पूरी तरह ले सके। वर्तमान में सेल्सफोर्स में लगभग 15,000 इंजीनियर कार्यरत हैं। बदलाव सिर्फ इतना है कि अब ये इंजीनियर एंथ्रोपिक मॉडल, ओपनएआई कोडेक्स और कर्सर जैसे AI उपकरणों के साथ मिलकर काम करते हैं। एक प्रसिद्ध पॉडकास्ट में बात करते हुए बेनीऑफ ने समझाया कि इंजीनियरों की भूमिका बदल गई है। वे अब खुद कोड लिखने के बजाय AI एजेंटों के काम की निगरानी करते हैं। मशीन चाहे कितनी भी तेज क्यों न हो, उसे मानवीय दिमाग और देखरेख की आवश्यकता हमेशा बनी रहती है।
AI पर भारी निवेश और बढ़ता मुनाफा
सेल्सफोर्स का AI को लेकर स्पष्ट दृष्टिकोण है और कंपनी इस पर बड़ा दांव लगा रही है। कंपनी ने एंथ्रोपिक में 300 मिलियन डॉलर से अधिक का निवेश किया है, जिसमें उनकी हिस्सेदारी भी शामिल है। सेल्सफोर्स का AI-केंद्रित उत्पाद ‘एजेंटफोर्स’ शानदार प्रदर्शन कर रहा है और इसका वार्षिक आवर्ती राजस्व 800 मिलियन डॉलर के आंकड़े को पार कर चुका है। इसके अलावा, कंपनी ने अपने लोकप्रिय मैसेजिंग प्लेटफॉर्म स्लैक में भी एंथ्रोपिक के क्लॉड AI को एकीकृत कर दिया है।
खर्च को नियंत्रित करने की स्मार्ट रणनीति
जैसे-जैसे AI का उपयोग बढ़ेगा, उस पर होने वाला खर्च भी बढ़ेगा। इस खर्च को संतुलित रखने के लिए सेल्सफोर्स एक विशेष प्रणाली विकसित कर रही है। यह प्रणाली कार्य की जटिलता के आधार पर यह तय करेगी कि किस काम के लिए बड़े AI मॉडल की जरूरत है और किसके लिए छोटे मॉडल से काम चल सकता है। इससे अनावश्यक टोकन खर्च से बचा जा सकेगा। बेनीऑफ ने इस पूरे बदलाव को “डिजिटल लेबर ट्रांसफॉर्मेशन” का नाम दिया है। उनके अनुमान के अनुसार, वर्तमान समय में सेल्सफोर्स का लगभग 30% से 50% काम पूरी तरह से AI द्वारा संभाला जा रहा है।
- सेल्सफोर्स ने 2025 में सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की भर्ती पर रोक लगाई थी।
- AI टूल्स के कारण इंजीनियरिंग टीम की उत्पादकता 30% से अधिक बढ़ी।
- कंपनी 2026 में एंथ्रोपिक AI टोकन पर 300 मिलियन डॉलर खर्च करेगी।
- एजेंटफोर्स का वार्षिक आवर्ती राजस्व 800 मिलियन डॉलर पहुंच गया है।
- सेल्सफोर्स में अभी भी 15,000 इंजीनियर काम कर रहे हैं।
- कंपनी AI खर्च को नियंत्रित करने के लिए एक स्मार्ट सिस्टम विकसित कर रही है।